चुदाई का सफ़र भाग :- 5

हाय फ्रेंड्स कामलीला Kamukta के माध्यम से चोदूराजा के सेक्स के सागर में आपका एकबार फिर से स्वागत है अब तक आपने इस कहानी में पढ़ा कि कैसे मैनें मेरी सीमा दीदी की जबरदस्त चुदाई करी ।

अब आगे…

पहले तो मैं कामलीला की पूरी टीम को धन्यवाद देना चाहता हूँ क्योंकि इन्होनें मुझे इतना बड़ा मंच दिया जिससे मैं अपनी पुरानी यादें ताज़ा कर पा रहा हूँ आप चाहे मानो या ना मानो यह मेरे जीवन की सच्ची घटनाएँ है बस इनमें थोड़ा बहुत शब्दों का मसाला डाला गया है ताकि आपको पढने में मज़ा आए।

मैं अखिल एक बार फिर से हाज़िर हूँ आगे की कहानी को लेकर जैसा कि मैनें आप सभी को बताया कि जब मेंरी आँख खुली तो सीमा, मीना, रेणु, रानी, सोनी, राजू, नवीन वहीं पर थे सीमा किचन में खाना बना रही थी और मैं रजाई में नंगा ही पड़ा था मेरे कपड़े कहाँ है यह भी मुझे नहीं पता और मुझे बहुत तेज सूसू भी आ रहा था मैनें इधर-उधर हाथ मारा तो मेरी पेन्ट हाथ लगी फिर मैनें आहिस्ता-आहिस्ता पेन्ट पहन ली और उठा रानी मेरे बीच में ही बैठी थी 8.45 बज चुके थे फिल्म भी खत्म होने वाली थी मैं उठा और बाथरूम में जाकर सूसू करने लगा दरवाजा भी बंद नहीं किया था तो मुझे लगा कि कोई आया था और चला भी गया।

ठंड से ठिठुरते हुए मैं सीधा ही फिर से रजाई में जाकर घुस गया फिर 15 मिनट में फिल्म भी खत्म हो गई तो रानी, राजू, नवीन अपने-अपने घर चले गये थे सोफे पर रेणु बैठी थी और मीना कम्बल ओढ़कर दूसरे पलंग पर लेटी हुई थी एक और नई फिल्म शुरू होने लगी वह रेणु को बहुत पसंद थी सीमा भी अब खाना बनाकर आ गई थी मुझे उठा हुआ देखकर बोली अरे उठ गया चल अच्छा है हाथ-मुहँ धो ले और फिर खाना खा ले, मैनें हाँ में अपना सिर हिलाया और अपनी टी-शर्ट के बारे में पूछा तो सीमा ने कहा कि दूसरे कमरे में रखी है अभी लेकर आती हूँ फिर सीमा मेरी टी-शर्ट लेकर आई तो मैं उसको पहनकर हाथ-मुहँ धोने चला गया हाथ-मुहँ धोकर वापस आया तो सीमा ने खाना लगा दिया मैं और सीमा बड़े सोफे पर बैठ गये और मीना छोटे पर और रेणु ने तो मना कर दिया वह बोली कि मैं तो खा कर आई हूँ और फिर हम खाना खाने लगे तो रेणु उठकर चारपाई पर लेट गई और टीवी देखने लगी।

खाना खत्म करके मैनें इमा से बोला कि मैं घर पर अपने कपड़े बदलने जा रहा हूँ तो सीमा ने कहा कि मैनें चाची को बोल दिया है और तू भाई का नेकर पहन ले कहीं भी जाने की ज़रूरत नहीं है फिर मैं विशाल के कमरे में गया तो मुझे नहीं पता था कि नेकर कहाँ रखा है तो सीमा ने बताया कि अलमारी में ही रखा है मैनें अलमारी खोली तो उसमें बहुत सारे अलग-अलग नेकर और टी-शर्ट रखे थे तो मैनें नीले रंग का नेकर और सफ़ेद रंग की टी-शर्ट निकाल ली और मैनें देखा वहाँ पर कुछ वीडियो कॅसेट भी रखी है जिन पर कुछ अच्छी फिल्मों के नाम और कुछ और नाम भी लिखे थे मुझे कुछ शक़ सा हुआ।

क्यूंकि एक बार जब मेरे मामा के यहाँ शादी थी और मैं अकेला था तो मेरे कुछ दोस्त और मैं पोर्न फिल्म लेकर आए थे तो उन पर भी यही सब लिखे थे मैं तो बहुत खुश हो गया और कमरे में गया तो रेणु मुझे ही देखे जा रही थी मैनें कहा कि क्या हुआ खाएगी क्या? तो उसने कहा कि मेरा पेट भरा है मैं तो खा कर आई हूँ फिर मैनें सीमा से पूछा कि वह कॅसेट कैसी है जो विशाल की अलमारी में रखी है।

फिर उसने कहा कि वो तो मुझे पता नहीं है फिर मैनें कहा कि आज तो मैं खूब सोया हूँ अगर मुझे नींद नहीं आई तो मैं उनको ही देखूँगा तो वह बोली कि ठीक है देख लेना तभी फोन की घंटी बजी और सीमा ने फोन उठाया तो उधर से ताईजी का फोन था फ़ोन पर बात करते हुए सीमा शरमाने लगी और मुस्कुराने लगी तो मैनें भी मुस्कुराते हुए पूछा कि क्या हुआ जो मन ही मन मुस्कुरा रही हो, तो सीमा ने बताया कि मम्मी ने कहा है कि उसकी होने वाली ननद उससे बात करना चाहती है तो उसने मम्मी से यहाँ के नम्बर लिए थे फिर मैनें कहा कि तो इसमें शरमाने वाली क्या बात है तो उसने कहा की वो भी बात करेगें।

मैनें और रेणु ने एक साथ कहा ओओओओ तभी इतना शरमा रही हो फिर मैनें आँख भी मारी, तभी फिर से फोन की घंटी बजी और सीमा दूसरे कमरे में चली गई और फोन उठाया और किसी से बात करने लगी, काफ़ी देर तक बात करने के बाद जब सीमा नहीं आई तो मैं भी उस कमरे में गया तो सीमा दूसरे कमरे के बेड पर लेटकर शरमाते हुए हाँ हूँ कर रही थी और मेरे जाते ही फोन काट दिया तो मैनें पूछा कि कौन था जो तुम इतना शरमा रही हो तो वह बोली चल हट वह तो तेरे होने वाले जीजाजी थे।

फिर मैनें कहा कि जीजाजी होंगे किसी और के मेरा तो पार्ट्नर है तो उसने पूछा कि कैसे तो मैनें बताया कि उनका माल तो मैनें ही चोदा है पहले, फिर सीमा बोली कि हट कमीने तब उसने बताया कि वह कह रहे थे कि आज तो हम पूरी रात बात करेंगे तो मैनें कहा कि फिर मैं तुमको चोदूंगा कैसे तो फिर उसने कहा कि आज तो मुश्किल है हाथ से हिलाकर ही काम चला लेना मैं तो इसी कमरे में रहूंगी उनसे बात नहीं करूँगी तो उनको कुछ शक़ हो जाएगा।

फिर मैनें कहा ठीक है जब तुम्हारा फोन आए तो चली आना और तब मैं वह कैसेट देख लूँगा तो उसने कहा ठीक है और फिर हम दोनों टी.वी. वाले कमरे में आ गए और मैं विशाल की अलमारी से वह कैसेट ले आया और विडियो प्लेयर में लगा दी और सोचा कि जब यह फिल्म खत्म होगी तब इसको चालू कर देंगे।

1 घंटे तक हम वही फिल्म देखते रहे और फिर रात के 10 बज गये तो मीना को ठंड लगने लगी सोफे पर तो वह उठकर मेरी रजाई में आकर बैठ गई अभी भी उसने दिन वाली ही स्कर्ट और शर्ट पहन रखी थी जब उसने अपने पैर सीधे किए तो मुझे मेरे पैर पर महसूस हुए बिल्कुल ठंडे पैर थे उसके, उसने गरम करने के लिए अपने पैर मेरे पैरों के बीच में दबा दिए मैनें भी कुछ नहीं कहा और फिल्म देखने लगा तभी रेणु के घर से उसकी मम्मी छत पर आई और उसको आवाज़ लगा दी रेणु उठकर चली गई गुड नाइट बोलकर मैनें शरारत में उसको अपने हाथ से किस दी तो वह हँसते हुए भागी और बोली चल हट कमीने अब घर में मैं सीमा और मीना ही रह गये थे मीना का यहीं सोने का प्लान था जो कि मुझे पता नहीं था वह अभी भी मेरे पैरों में अपने पैर दबाए बैठी थी अब उसके पैर ठीक हो चुके थे तो उसने अपने पैर मेरे पैरों की सीध में कर लिए।

सीमा पलंग पर लेटी हुई थी करीब 10.30 पर फोन की घंटी बजी और सीमा उठकर दूसरे कमरे की तरफ़ जाने लगी और जाते हुए बोली कि दरवाजा बंद कर लेना मैं दूसरे कमरे में सो जाऊंगी मीना ने उससे पूछा क्यों तो वह बोली कि मुझे कुछ काम है तू फिल्म देखकर सो जाना उसने बोला ठीक है तब तक फोन कट गया था कुछ देर के बाद फिर से फ़ोन की घंटी बजी तब शायद सीमा ने फोन उठा लिया था हम दोनों तो फिल्म देखने लगे थे फिर थोड़ी सी बोरियत महसूस होने लगी तो मैनें मीना से कहा कि दरवाजा बंद कर दो हवा आ रही है और वह दरवाजा बंद करके वापस बेड पर आ गई मैनें मीना से पूछा कि नींद आ रही है? तो वह बोली कि नहीं फिर उसने पूछा कि सीमा दूसरे कमरे में क्यों गई तो मैनें उसको बताया कि वह अपने होने वाले पति से बात करने गई है तो वह भी मुस्कुराई और कहने लगी कि तो फिर अलग जाने की क्या ज़रूरत पड़ी तो मैनें कहा कि पर्सनल बात होगी, उसकी? फिर उसने पूछा कि क्या पर्सनल मैनें कहा पास की बात यार समझा कर तो वो स्माइल देने लगी क्योंकि वह मेरे आगे बैठी थी तो जैसे ही मैनें करवट ली तो उसकी स्कर्ट भी मेरे नीचे दब गई थी तो उसने कहा क्या कर रहे हो मेरी स्कर्ट फाड़ोगे क्या? तो मैनें कहा कि स्कर्ट फाड़ने में क्या मज़ा है?

फिर वह बोली कि यार अखिल तू डबल मीनिंग की बातें मत किया कर, मैं हँसने लगा और थोड़ा पीछे खिसककर उसकी स्कर्ट को छोड़कर थोड़ी ऊपर कर दी जिससे मेरा हाथ उसकी जाँघ को छू गया तो वह सिहर उठी और थोड़ा दूर खिसक गई मैनें पूछा क्या हुआ? तो वह बोली कि कुछ भी तो नहीं और मुस्कुराकर फिल्म देखने लगी।

11 बजे तक हम फिल्म देखते रहे और फिर मीना ने पूछा कि सीमा फ़ोन पर क्या बात कर रही होगी जीजाजी से? मैनें उससे पूछा कि तुझे सुनना है क्या? तो उसने हाँ में इशारा किया तो मैनें उससे कहा लेटकर सुनना पड़ेगा क्योंकि रिसीवर तो एक है और सुनना दोनों को था तो उसने बोला कि ठीक है तो मैनें कहा कि कुछ बोलना मत और चुप-चाप लेटकर सुन और वह रज़ाई में अंदर मेरे बिल्कुल आगे आ गई फिर मैनें दूसरे फ़ोन का रिसीवर उठाया तो उसमें से सीमा और जीजाजी की आवाजें आने लगी जीजाजी सीमा से पूछ रहे थे?

जीजाजी :– तुमको मैं पसंद तो हूँ ना?

सीमा :– हाँ

जीजाजी :- तो ढंग से बात करो ना यह हाँ हूँ क्या है?

सीमा :- कर तो रही हूँ।

जीजाजी :– तो फिर बोलो आई.लव.यू.

सीमा :– शरम आती है।

जीजाजी :– इसमें शरमाना क्या हमारी तो शादी होने वाली है।

सीमा :– होगी तब अलग बात है।

जीजाजी :– अच्छा तो यह बताओ कि तुम्हारे बब्स का साइज़ क्या है?

सीमा :– धत यह भी कोई पूछने वाली बात है।

जीजाजी :– नहीं बताओगी तो मैं तुम्हारे लिए ब्रा कैसे खरीदूँगा?

सीमा :– और कुछ बात करो।

जीजाजी :– तुम अपनी चूत की देखभाल तो करती हो ना?

सीमा :– तुमको शरम नहीं आती यह कैसी बात कर रहे हो आप मैं फोन रखती हूँ।

उनकी यह बातें सुनकर हम बिना आवाज़ के ही हँसने लगे और मेरा लंड तो ऐसी बातों से ही खड़ा होने लगा और मीना की गांड को चूमने लगा मीना भी शायद उत्तेजित थी उसको यह महसूस नहीं हुआ।

जीजाजी :– बहुत शरमाती हो तुम तो जब आओगी तब छोड़ूँगा नहीं तुमको, रोज ही चोदूंगा रात में चार बार 6.5 इंच बड़ा है मेरा।

सीमा :– हट शरमाते हुए।

जीजाजी :– बताओ ना जब मैं तुम्हारी चूत में दूँगा तो तुमको कैसा लगेगा?

सीमा :– मुझे क्या पता।

जीजाजी :- तुम्हारी चूत तो फट ही जाएगी और उसमें से बहुत खून निकलेगा।

मैं मन ही मन मुस्कुरा रहा था क्योंकि खून तो निकल चुका था जितना निकलना था।

जीजाजी :– तुमने किसी को अपनी चूत दी तो नहीं है ना?

सीमा :– धत नहीं।

जीजाजी :– ठीक है देना भी मत।

ये बातें सुनकर मेरा लंड तो बहुत कड़क हो गया और मैनें अपना एक हाथ सीधे मीना के बब्स पर रख दिया तो वह कुछ नहीं बोली और मैनें रिसीवर रख दिया तो फोन कट गया और 2 मिनट बाद फिर से फोन आया सीमा ने पहली घंटी में ही फोन उठा लिया।

इधर मैं अपने काम में लग गया धीरे-धीरे मीना के बब्स को मसलने लगा वह भी मेरा साथ दे रही थी मैनें उसके बटन खोलने चाहे तो उसने मेरे हाथ को रोका तो मैं उसकी शर्ट के ऊपर से ही मसलने लगा फिर मुझे कुछ सूझा और मैनें कहा फिल्म देखें तो वह मेरी हाँ में हाँ मिलाने लगी थी।

मैनें टीवी की आवाज़ कम कर दी और फिल्म शुरू हुई शुरू में एक अँग्रेज़ एक छोटी लम्बाई की लड़की को चोद रहा था यह देखकर मीना ने कहा छी यह कोई फिल्म है तो मैनें कहा कि कैसेट के ऊपर तो यही लिखा था अब मैं क्या करूं? तो वह बोली कि बंद करो मुझे यह सब अच्छा नहीं लगता फिर मैनें वह सीन पीछे कर दिया।

फिर एक कहानी जैसा कुछ आया जिसमें एक लड़की सुनसान रोड पर जा रही थी और दो लड़के उसका पीछा करके उसको पकड़ लेते है पास के एक कमरे में ले जाकर बंद कर देते है आवाज़ ना होने के कारण हम केवल सीन ही देख रहे थे।

तभी एक लड़का उस लड़की से कुछ कहता है तो वह मना करती है लड़का उसे पैसे देता है तो वह लड़की मान जाती है और इधर मैं मीना की शर्ट में हाथ डाल देता हूँ और उसकी समीज़ के ऊपर से ही उसके बब्स को दबाता रहा उधर फिल्म में लड़की अपना टॉप उतारती है और फिर स्कर्ट, दोनों लड़के लड़की की ब्रा के ऊपर से ही उसके बब्स को दबाने लगते है।

और उसकी ब्रा को फाड़ देते है लड़की ऊपर से बिल्कुल नंगी हो जाती है और मैनें भी मीना की समीज में हाथ डाल दिया, उसके मोटे-मोटे 34 साइज़ के बब्स जो कि उसकी उम्र के मुक़ाबले बहुत बड़े थे उनको दबाने लगा फिल्म में उनमें से एक लड़के ने उसकी पैन्टी उतारकर लड़की को बिल्कुल नंगा कर दिया।

अब लड़की घुटनों के बल पर बैठ गई और दोनों लड़कों की पेन्ट उतारकर एक-एक करके उनके लंड को चूसने लगी, यह देखकर मीना ने अपना मुहँ फेर लिया तो मैनें उसके होठों पर अपने होंठ रख दिए और वह भी मेरा साथ देने लगी उसकी किस में बहुत मादकता थी उसके होंठ बहुत ही पतले थे और मैं तो जैसे किसी जन्नत में था।

मैनें उसको उठाकर उसकी शर्ट और समीज़ को एकसाथ ही उतार दिया अब वह भी गरम हो चुकी थी हम लगातार किस किए जा रहे थे मैनें अब उसकी स्कर्ट को भी ऊपर कर दिया और नीचे जाकर अपने मुहँ से उसकी पैन्टी को निकालने लगा तो उसने अपनी पैन्टी को पकड़ लिया फिर मैनें उसको एक हसरत भरी निगाह से देखा तो उसको मुझपर तरस आ गया और उसने अपनी पैन्टी को छोड़ दिया अब मैनें उसकी पैन्टी को भी उतारकर सूँघा तो उसमें से एक कुँवारी चूत की बड़ी ही मादक और मदमस्त कर देने वाली भीनी-भीनी खुशबू आ रही थी उसकी चूत देखकर मैं बुरी तरह से उसका कायल हो गया था वह बिल्कुल एक गुलाब की कली की तरह दिख रही थी फिर मैनें उसकी दोनों टाँगों को फैलाया और अपना मुहँ उसकी कमसिन चूत पर रखकर अपनी जीभ से उसकी चूत को चाटने लगा तो वह मना करने लगी और कहने लगी कि छी-छी गंदी जगह पर मुहँ क्यों लगा रहे हो तो मैनें उससे कहा कि यह गंदी नहीं है यह तो सबसे प्यारी जगह है।

और यह कहकर मैं उसकी चूत को फिर से चाटने लगा तो मीना इसस्स्सस्स उफफफफ करने लगी तब फिल्म में भी यही सीन चल रहा था जिसमें एक लड़का उस लड़की की चूत को चाट रहा था और दूसरा उसके बब्स को चूस रहा था फिर मैनें उसकी स्कर्ट को भी निकाल दिया अब वह बिल्कुल नंगी मेरे सामने थी उसकी चूत को चाटते-चाटते मैं उसके बब्स को भी दबा रहा था और मीना मेरे बालों को पकड़कर खींच रही थी फिर मैं उठा और उससे कहने लगा कि जैसे फिल्म में वह लड़की करेगी तुम भी वैसे ही करो फिल्म वाली लड़की अब एक लड़के का लंड चूस रही थी और दूसरा उसे चोद रहा था मीना ने पहले तो आनाकानी करी और फिर मेरे जोर देने पर मेरा लंड अपने मुहँ में लेकर चूसने लगी उसके पतले-पतले होठों के बीच मेरा मोटा लंड अंदर-बाहर हो रहा था पहली बार में ही वह इतने मज़े से चूसने लगी कि शायद वह बिल्कुल गरम हो चुकी थी।

कुछ देर बाद मैं उसके मुहँ में लंड डाले हुए ही घूम गया और 69 की पोज़िशन में आ गया और फिर 15 मिनट तक दोनों एक दूसरे को चाटते रहे और फिर मैं उठा और उसकी टाँगों को पीछे की तरफ मोड़ दिया जिससे उसकी प्यारी सी चूत ऊपर उभरकर आ गई बिल्कुल गुलाबी चूत थी उसकी जैसे ही मैनें अपने लंड से उसे छुआ तो वह मना करने लगी कि इतना बड़ा और मोटा लंड इसके अन्दर नहीं जाएगा तो मैनें उससे कहा कि वह देखो वह लड़की तो कितने मज़े से ले रही पूरा, फिर मैनें उसकी चूत पर अपने लंड का टोपा रखा तो उसकी चूत तो पहले से ही गीली हो रही थी।

फिर मैनें हल्का सा धक्का लगाया तो मेरे लंड का टोपा उसकी चूत में अंदर घुस गया और फिर उसके होठों को अपने होठों में भरकर एक ज़ोर से झटका मारा तो उसकी आँखे बाहर आने को हो गई फिर उसके होठों को छोड़ते ही वह बहुत तेज चिल्लाई उईईइ माआआअ मररर गईईईई सीमा बचाओ नहीं तो यह अखिल आज मुझे मार ही डालेगा अब मेरा आधा लंड उसकी चूत में था।

शायद सीमा ने आवाज़ सुन ली थी मैं पीछे नहीं हटा और अपने लंड को वहीं रहने दिया और उसको किस करता रहा तभी मुझे महसूस हुआ कि बेड के पास वाला दरवाजा जो कि दूसरे कमरे में खुलता है सीमा वहाँ से हमारे कमरे में आ गई थी मैनें उसे अनदेखा कर दिया और मीना के होठों को चूसते हुए एक झटका और मारा अबकी बार मेरा पूरा लंड उसकी प्यारी सी चूत में था और सीमा हमारी पास में आकर मीना के सिर को पुचकारने लगी वह भी फोन सेक्स करके गरम होकर आई थी।

एक झटका लगते ही मीना बिलबिला उठी उउउइईईईई मररररर गईईईई कमीने छोड़ दे मुझे अब मैनें झटके लगाने शुरू कर दिए थे और मैनें देखा कि मेरे लंड पर खून लगा हुआ है खून देखकर मैं और उत्तेजित हो गया था तो अब और तेज-तेज धक्के मारने लगा मीना की कमर को पकड़कर धक्के पे धक्के मारने लगा।

मीना अखिल-अखिल करने लगी तो मुझे पता चल गया के वह अब झड़ चुकी है उसने अपनी आँखे बंद कर ली और दर्द को सहन करने लगी 15-20 धक्कों के बाद अब वह भी अपनी गांड को उछालने लगी और मैं उसे किस करता रहा और धक्के मारता रहा।

अब मैं झड़ने वाला था तो सीमा ने कहा कि इसके अंदर मत छोड़ना फिर मैनें अपना लंड बाहर निकाला और सीमा के मुहँ में दे दिया और अपने दोनों हाथों से उसका सिर पकड़कर अपने लंड को उसके गले तक उतार दिया, मैनें सारा का सारा माल उसके मुहँ में ही उतार दिया और सीमा मेरा सारा माल चट कर गई मीना यह सब देखकर हैरान थी के यह सब क्या हो रहा है।

अभी तो यह कहानी शुरू ही हुई है अभी तो इसमें बहुत से रंग बाकी है आप बस देखते जाओ दोस्तों पढ़ते रहिए क्यूंकि यह कहानी अभी जारी रहेगी…

धन्यवाद पाठकों !!

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *