कामवाली बाई सीमा ने मुझसे गांड माराई 2

कामवाली बाई सीमा ने मुझसे गांड माराई 2

फिर मैंने बोला कि मुझे नीचे जाना है तो इसलिए में यहाँ आया हूँ तो उसने मुझे साईड दे दी। फिर में नीचे आया और सोचने लगा कि आज तो सीमा की चूत मारनी ही है। फिर में कुछ देर के बाद जब ऊपर जाने लगा तो वो बाल्टी और पोछा ऊपर रखकर वापस जा रही थी।

फिर मैंने थोड़ी हिम्मत की और उसे आवाज़ लगाई और बोला कि सीमा एक मिनट ऊपर आओ तो वो आई और बोली कि क्या हुआ साहब? फिर मैंने कहा कि मेरे बेडरूम में एक कॉर्नर में पोछा सही से नहीं लगा है तो वो गयी और पोछा लेकर आई और मुझसे बोली कि कहाँ पर साहब।

तभी मैंने उसे ज़ोर से पकड़ लिया और उसे दिवार के सहारे लगाकर ज़ोर-ज़ोर से उसके बूब्स दबाने लगा और वो छुड़ाने की कोशिश करने लगी और बोली कि साहब ये क्या कर रहे हो? मुझे जाने दो और ये कहकर वो अपने आपको मुझसे छुड़ाकर जाने लगी।

फिर मैंने उसे बोला कि सीमा में इतने दिन से प्यासा हूँ क्या तुम मेरी इतनी हेल्प भी नहीं कर सकती? तो उसने मना कर दिया और जाने लगी। फिर मैंने उसे वापस बुलाया और बोला कि प्लीज़ मम्मी पापा को कुछ नहीं बताना, नहीं तो वो मुझे घर से निकाल देंगे।

फिर वो बोली कि साहब में आपकी बहुत इज़्ज़त करती हूँ और आप चिंता मत करो, में किसी को कुछ नहीं बोलूंगी और वैसे भी आपने अब तक मेरे साथ कुछ ग़लत नहीं किया है। तभी में उसके सामने हाथ जोड़कर बोला कि सीमा प्लीज़ सिर्फ़ 5 मिनट रुक जाओ तो वो फिर से मना करने लगी।

फिर वो बोली कि मेरे पति को पता लग गया तो बहुत प्रोब्लम हो जायेगी साहब। फिर मैंने उससे बोला कि सीमा यहाँ तुम्हारे और मेरे अलावा कौन है? जो तुम्हारे पति को बता देगा और में कौनसा तुम्हें चूत में लंड लेने के लिए बोल रहा हूँ, सिर्फ़ थोड़ी देर बस ऊपर-ऊपर से मज़ा दे दो प्लीज़। आप ये कहानी डॉट नेट पर पढ़ रहे है।

फिर वो थोड़ा शरमाने लगी और सर नीचे कर लिया। फिर मैंने जल्दी से मौका देखते हुए उसके बूब्स को फिर से पकड़कर दबाना चालू कर दिया और उसके होंठ ज़ोर-ज़ोर से चूसने लगा तो सीमा की साँसें तेज़ होने लगी और में उसके बूब्स को मसल रहा था और उसकी साँसों की तेज़ी से उसके बूब्स खुद ऊपर नीचे होकर बयान कर रहे थे।

फिर मैंने जल्दी से मेन दरवाजा बंद कर दिया और उसका सूट ऊपर उठाकर उसके दोनों बूब्स ब्रा से बाहर निकालकर निप्पल पर जीभ फेरने लगा, अब सीमा धीरे-धीरे तड़पने लगी और आआहह आहह मत करो साहब बोलने लगी।

फिर मैंने थोड़ी देर उसके निप्पल ऐसे ही चूसे और फिर धीरे-धीरे अपना एक हाथ उसकी सलवार के ऊपर से ही उसकी चूत पर फेरना चालू कर दिया। अब तो वो ज़ोर-ज़ोर से बोल रही थी, ओहह्ह्ह साहब मार डालोगे क्या? आआअहह उफफफफफ्फ़ और ये सब बोलते-बोलते ही मेरे लंड को अंडरवियर के ऊपर से ही सहलाने लगी।

फिर मैंने करीब 15-20 मिनट तक उसके बूब्स चूसे और जब मेरी नज़र उसके बूब्स पर पड़ी तो वो एकदम लाल हो चुके थे। फिर मैंने धीरे-धीरे उसकी सलवार उतार दी तो वो मना करने लगी। मैंने उसे फिर से समझाया कि में लंड चूत में अंदर नहीं डाल रहा हूँ सिर्फ़ उंगलियाँ ही डाल रहा हूँ तो वो मान गयी।

फिर मैंने उसकी चूत में उंगली डाली तो देखा कि उसकी चूत से पानी झड़ रहा था। फिर मैंने उंगली अंदर बाहर करनी चालू कर दी, अब रूम में सिर्फ़ आआहह ऊऊऊऊऊओह चोद डालो मुझे, फाड़ दो मेरी चूत, जैसी आवाज़ें ही आ रही थी। फिर मैंने उसे बोला कि मेरा लंड चूसो तो वो मना करने लगी और बोली कि छी छी ये भी कोई चूसने की चीज़ है साहब।

फिर मैंने अपना लेपटॉप चालू किया और ब्लू फिल्म चला दी, अब सीमा ने जब फिल्म में लंड चूसते हुए देखा तो वो मान गयी और मेरे लंड से खेलने लगी। अब में सोफे पर बैठा था और वो मेरी दोनों टाँगों के बीच में नीचे बैठकर मेरे लंड से खेल रही थी।

फिर मेरे फोर्स करने पर उसने लंड मुँह में लिया, ऊऊऊहह फ्रेंड्स में आपको बता नहीं सकता कि उस टाईम मुझे कितना मज़ा आया होगा। बस आप लोग ये समझ लो कि में जन्नत में था। फिर थोड़ी देर वो मेरे बॉल्स से खेलती रही और लंड चूसती रही और फिर मेरा पानी निकलने ही वाला था।

फिर मैंने सोचा कि क्यों ना आज इसके मुँह में ही पानी छोड़ दूँ? तो मैंने उसे बताया नहीं और उसके मुँह में ही अपना सारा गर्म-गर्म लंड का पानी छोड़ दिया। फिर वो एकदम से उठकर वॉशबेशिन की तरफ भागी और खाँसी करने लगी। फिर में भी धीरे से उठा और उसके पीछे जाकर उसकी नंगी भारी-भारी चौड़ी गांड पर अपने दोनों हाथ रख दिए और धीरे-धीरे दबाने लगा।

फिर मैंने धीरे-धीरे अपना लंड उसकी चूत पर रगड़ना चालू किया तो सीमा तो बिल्कुल पागल होने लगी और ज़बरदस्ती मेरा लंड अपनी चूत में डालने की कोशिश करने लगी। फिर मैंने भी सोचा कि यही सही मौका है और मैंने धीरे से उसकी चूत पर लंड का टोपा रखा और ज़ोर से एक शॉट मारा तो मेरा पूरा का पूरा लंड उसकी चूत में चला गया।

फिर वो एकदम से चौंक गयी और ऐसा लगा जैसे कि उसे साँस आना बंद हो गया हो। फिर मैंने अपने दोनों हाथों से उसकी गांड को थोड़ा फैलाया और दोबारा से एक जोरदार झटका मारा, आआहह ओहह्ह्ह्हह साहब, आप तो आज सच में ही मेरी चूत का भोसड़ा बना डालोगे, थोड़ा आराम से डालो ना। आप ये कहानी डॉट नेट पर पढ़ रहे है।

फिर मैंने उसे थोड़ा आगे की तरफ और झुका दिया और वो भी वॉशबेशिन पर अपने हाथ रखकर झुक गयी। फिर मैंने धीरे-धीरे उसकी चूत में लंड अंदर बाहर करना चालू किया, अब उसे भी मज़ा आने लगा और रूम में भी पच पच, फच फच की आवाज़ें आने लगी।

फिर थोड़ी देर तक ऐसे ही चुदाई करने के बाद हम दोनों बेड पर आ गये और वो मेरे लंड पर चढ़ गयी और अपनी गांड को ज़ोर-ज़ोर से आगे पीछे हिलाने लगी। फ्रेंड्स मुझे इतना मज़ा आ रहा था कि ऐसे ही चुदाई करते-करते मैंने अपने लंड का सारा माल उसकी चूत में ही छोड़ दिया।

उसके बाद हम बाथरूम में एक साथ शॉवर के नीचे नहाने लगे तो मेरा लंड फिर से खड़ा होने लगा। फिर मैंने सीमा से कहा कि इस बार गांड में डालने दो तो वो मना करने लगी और बोली कि अब अगली बार कर लेना ।।

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